SHANI SPECIAL REMEDY : अगर चाहिए शनि के सारे दोषों से मुक्ति जरूर करें ये खास उपाय कल. .

साल 2022 में शनि प्रदोष व्रत (Shani Pradosh Vrat 2022) का तीन बार विशेष संयोग बन रहा है. पहला का पहला शनि प्रदोष व्रत 15 जनवरी को है. इस दिन शिव की पूजा करने से सभी प्रकार के दोष खत्म हो जाते हैं. शनि प्रदोष व्रत का दूसरा शुभ संयोग 22 अक्टूबर को और तीसरा 5 नवंबर को बनेगा. आगे जानते हैं कि शनि प्रदोष व्रत के दौरान क्या करना शुभ रहेगा.

शनि की साढ़ेसाती, ढैय्या से मुक्ति के लिए है खास
दरअसर 14 जनवरी को सूर्य का शनि की राशि मकर में प्रवेश हुआ है. ज्योतिष शास्त्र के मुताबिक सूर्य और शनि के बीज शत्रुता का संबंध है. ऐसे में इन दोनो ग्रहों से बने अशुभ योग के दुष्प्रभाव से बचने के लिए शनि प्रदोष पर शिव की पूजा शुभ है. शनि प्रदोष पर शिव पूजा करने से शनि के अशुभ प्रभाव और परेशानियों से छुटकारा मिलता है. इसके अलावा जो लोग शनि साढ़ेसाती, ढैय्या और महादशा से पीड़ित हैं उनके लिए 15 जनवरी का शनि प्रदोष व्रत बेहद खास है. साथ ही पौष मास होने से पूजा का फल कई गुना अधिक मिलेगा.

शनि प्रदोष पर क्या करें
धर्म शास्त्रों के अनुसार शनि प्रदोष के दिन व्रत, पूजा और दान करने से सुख और सौभाग्य में बढ़ोतरी होती है. साथ ही शारीरिक कष्ट दूर होते हैं. इसके अलावा धन-संपत्ति में भी वृद्धि होती है. ऐसे में इस दिन गरीबों के बीच कपड़े और अन्न दान करना चाहिए. साथ ही जूते-चप्पल दान करने से जाने-अनजाने में हुए पाप कर्म नष्ट हो जाते हैं. परिणामस्वरुप जीवन सुखमय होता है. वहीं इस दिन भगवान शिव का रुद्राभिषेक और शनि देव का तेल से अभिषेक करना शुभफलदायी होता है. अभिषेक के बाद जल और तेल को किसी पवित्र नदी में बहा देना चाहिए.

Leave a comment