Putrada Ekadashi 2022 : पुत्रदा एकादशी पर करे 4 खास उपाय संतान प्राप्ति के लिए.

Putrada Ekadashi 2022: पौष माह (Paush Month) के शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि को पुत्रदा एकादशी व्रत रखा जाता है. व्रत के नाम से ही स्पष्ट है कि इस व्रत को रखने से पुत्र की प्राप्ति होती है. ऐसी धार्मिक मान्यता है. जो लोग संतानहीन हैं, उन लोगों को यह व्रत अवश्य करना चाहिए. पौष पुत्रदा एकादशी के दिन आपको भगवान विष्णु (Lord Vishnu) की पूजा करनी चाहिए और व्रत कथा का श्रवण करना चाहिए. भगवान विष्णु की कृपा से आपको वंश वृद्धि का आशीर्वाद प्राप्त हो सकता है. पुत्रदा एकादशी के दिन संतान प्राप्ति के लिए आप कुछ आसान उपायों को भी कर सकते हैं. आइए जानते हैं उन उपायों के बारे में.

संतान प्राप्ति के आसान उपाय

1. पौष पुत्रदा एकादशी के दिन आप भगवान श्रीकृष्ण के बाल स्वरूप की पूजा करें. भगवान श्रीकृष्ण भगवान विष्णु के ही अवतार हैं. भक्ति भाव से बाल श्रीकृष्ण की आराधना करें और संतान गोपल मंत्र का जाप करें. यह संतान सुख के लिए प्रभावी मंत्र माना जाता है. इस मंत्र का जाप आप तुलसी की माला से कर सकते हैं. मंत्र जाप के बाद आप भगवान श्रीहरि को ध्यान करके अपनी मनोरथ पूर्ति की प्रार्थना करें.

2. वंश वृद्धि के लिए शुक्र ग्रह को भी एक कारक माना गया है. शुक्र ग्रह के कारण ही पौरुष में वृद्धि होती है. ऐसे में आप पुत्रदा एकादशी को भगवान विष्णु की पूजा करने के बाद शुक्र ग्रह के बीज मंत्र ओम शुं शुक्राय नम: का जाप कर सकते हैं.

3. पुत्रदा एकादशी के दिन भगवान विष्णु की पूजा करने के बाद पीपल के वृक्ष की पूजा करें. पीपल के पेड़ पर जल में दूध मिलाकर चढ़ाएं और संतान प्राप्ति की प्रार्थना करें. पीपल के वृक्ष में देवताओं का वास माना जाता है.

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4. संतान और वंश वृद्धि के लिए सबसे आसान उपाय है अपने पितरों को खुश रखना. धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, जिन लोगों के पितर नाराज रहते हैं, उनकी वंश वृद्धि नहीं होती है. नाराज पितर श्राप देते हैं. इस वजह से भी संतान का सुख नहीं मिलता है.

5.पितरों को प्रसन्न करने का उपाय है कि अमावस्या के दिन उनके लिए तर्पण, श्राद्ध, पिंडदान आदि करें. इस दिन ब्राह्मणों को भोजन कराएं. भोजन का कुछ अंश कौआ, कुत्ता को खिलाएं. आप अपने पितरों को तृप्त करेंगे, तो वे प्रसन्न होकर आपको संतान सुख का आशीर्वाद देंगे.