Cause And Remedies Of Laziness : जानिए सुस्ती और आलसपन की असली वजह इन उपायों से बने रहेंगे हमेशा ऐक्टिव.

अक्‍सर हम देखते हैं कि कुछ लोग अपनी लाइफ में बहुत ऐक्टिव होते हैं और वहीं कुछ लोग बेहद आलसी किस्‍म के होते हैं। आखिर ऐसा क्‍या है जो कि एक व्‍यक्ति को इतना आलसी बना देता है और दूसरों को बहुत ऐक्टिव। कभी सोचा है इस बारे में आपने। इस बात का जवाब वैदिक ज्‍योतिष के जानकारों के पास है।

ज्‍योतिष के अनुसार आपके ग्रहों की कुछ विशेष दशा आपको आलसी बनाने के लिए जिम्‍मेदार होती हैं। आइए जानते हैं ग्रहों की किन दशाओं की वजह से आप बनते हैं आलसी और इसके लिए आपको क्‍या उपाय करने चाहिए।

शनि की दशा

शनि को बहुत ही धीमी गति से चलने वाला ग्रह माना जाता है। जिन जातकों की शनि की अशुभ दशा का प्रभाव होते हैं, वे अपनी लाइफ में आलसी बन जाते हैं। इसका अर्थ यह नहीं है कि शनि आलस्‍य को बढ़ावा देते है, बल्कि शनि तो उन ग्रहों में से हैं जो व्‍यक्ति को अनुशासन में रहना और मेहनत करना सिखाते हैं। लेकिन ऐसा माना जाता है कि कुंडली में शनि के शत्रु भाव में होने के कारण जातका को सुस्‍ती छाई रहती है।

सूर्य की दशा

वैसे तो सूर्य को पूरे ब्रह्मांड में एनर्जी का सबसे बड़ा सोर्स माना जाता है, लेकिन अगर यह आपकी कुंडली में खराब स्थिति में हों तो यह आपको इस कदर आलसी बना देते हैं कि आपका बिस्‍तर से भी उठने का मन नहीं करता।

राहु की दशा

ऐसा माना जाता है कि आपके जन्‍म की कुंडली में राहु अगर लग्‍न भाव में होते हैं तो यह जातक में आलस्‍य को बढ़ावा देते हैं। ऐसे लोगों कोई जरूरी निर्णय लेने में भी अक्‍सर उलझन में रहते हैं और सही गलत का अंतर नहीं कर पाते हैं। ऐसे लोगों का दिमाग भी बहुत धीरे चलता है और यही वजह है कि इनका शरीर भी आलसियों की तरह व्‍यवहार करता है।

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चंद्रमा की दशा

ज्‍योतिष के सिद्धांतों के अनुसार, चंद्रमा जिनकी कुंडली में केंद्र स्थान यानी पहले, चौथे, सातवें या दसवें घर के स्वामी होते हैं। यानी जिनकी कुंडली में इन घरों में कर्क राशि होती है। उनमें आलस का भाव अधिक होता है, ऐसे लोग ख्यालों में ज्यादा रहते हैं और मेहनत से दूर भागते हैं।

गुरु की दशा

कुंडली में गुरु की अशुभ दशा की वजह से भी जातक के शरीर के आलस्‍य में वृद्धि होती है। ऐसा कहा जाता है कि गुरु की विशेष दशा की वजह से जातक को ऐसा लगने लगता है कि उसने जीवन में सब कुछ पा लिया है और उसे अब आगे मेहनत करने की जरूरत नहीं है। इसलिए ऐसे लोग एक ही स्‍थान पर जमे रहते हैं और आगे नहीं बढ़ते हैं।

आलस्‍य दूर करने के उपाय

चंदन का किसी भी रूप में प्रयोग आपके आलस्‍य को दूर करने में कारगर होता है।

शुक्रवार और रविवार को राहु के अशुभ प्रभाव को दूर करने के लिए भैरव बाबा की पूजा करें। इससे आपके शरीर में तेजी आएगी।

रंगों का भी जीवन में काफी महत्‍व होता है और वह भी आपकी सक्रिया को बढ़ाते हैं। खुद को सदैव ऐक्टिव रखने के लिए नारंगी रंग का प्रयोग अधिक से अधिक करें। इसके साथ ही खाने में अधिक पोषण पदार्थों का सेवन करें।